फोन पर वीडियो देखने का नशा: कितना खतरनाक है?

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  सुबह आंख खुलते ही फोन पर वीडियो देखना, खाना खाते समय रील्स चलाना, खाली समय में लगातार शॉर्ट वीडियो स्क्रॉल करना और रात को सोने से पहले “बस एक वीडियो और” कहना—आज यह आदत बहुत सामान्य हो गई है। वीडियो देखना अपने आप में नुकसानदायक नहीं है। फोन से मनोरंजन के साथ-साथ पढ़ाई, समाचार और जानकारी भी मिलती है। समस्या तब शुरू होती है जब वीडियो देखने का समय हमारे नियंत्रण से बाहर होने लगे और जरूरी काम, नींद, पढ़ाई, नौकरी या परिवार के साथ बिताया समय पीछे छूटने लगे। यही वजह है कि फोन पर वीडियो देखने की आदत कब सामान्य मनोरंजन से आगे बढ़ जाती है और कब चिंता का कारण बन सकती है, इसे समझना जरूरी है। क्या फोन पर वीडियो देखना सच में “नशा” है? बोलचाल की भाषा में लोग किसी ऐसी आदत को “नशा” कह देते हैं जिसे छोड़ना मुश्किल महसूस हो। लेकिन हर व्यक्ति जो लंबे समय तक वीडियो देखता है, उसे चिकित्सकीय रूप से “आदी” कहना सही नहीं होगा। असल चिंता तब होती है जब व्यक्ति वीडियो देखने पर नियंत्रण नहीं रख पाता, दूसरी जरूरी गतिविधियों पर उसका असर पड़ने लगता है और नुकसान दिखाई देने के बावजूद वह अपनी आदत को कम नहीं कर पाता।...

ग्रीस में 3,100 से अधिक 100 साल की उम्र वाले लोग: लंबी उम्र का रहस्य

 

ग्रीस को दुनिया भर में उसके इतिहास और संस्कृति के लिए जाना जाता है, लेकिन एक और खास बात है जो इसे अलग बनाती है और वह है यहां रहने वाले लोगों की लंबी उम्र। आधिकारिक आंकड़ों के अनुसार ग्रीस में लगभग 3,100 ऐसे लोग हैं जिनकी उम्र 100 वर्ष या उससे अधिक है। इन्हें सेंटेनैरियन कहा जाता है। ग्रीस की कुल जनसंख्या के अनुपात में यह संख्या काफी प्रभावशाली मानी जाती है, खासकर तब जब यह देखा जाए कि इनमें से अधिकतर लोग आज भी अपेक्षाकृत सक्रिय जीवन जीते हैं।

ग्रीस में लोगों की लंबी उम्र का सबसे बड़ा कारण उनकी पारंपरिक जीवनशैली मानी जाती है। यहां का भूमध्यसागरीय भोजन जिसमें जैतून का तेल, हरी सब्जियां, दालें, मछली और कम प्रोसेस किया हुआ खाना शामिल होता है, शरीर को लंबे समय तक स्वस्थ बनाए रखता है। यह आहार दिल की बीमारियों, मधुमेह और अन्य गंभीर रोगों के खतरे को कम करता है, जिससे जीवन प्रत्याशा स्वाभाविक रूप से बढ़ जाती है।

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इसके साथ ही ग्रीस में जीवन की गति अपेक्षाकृत धीमी है। लोग कम तनाव में रहते हैं, रोज़मर्रा के कामों में स्वाभाविक रूप से शारीरिक गतिविधि करते हैं और परिवार व समाज के साथ जुड़े रहते हैं। बुज़ुर्गों को अलग-थलग नहीं किया जाता, बल्कि उन्हें परिवार और समुदाय का अहम हिस्सा माना जाता है, जिससे उनका मानसिक स्वास्थ्य मजबूत बना रहता है।

ग्रीस का इकारिया द्वीप इस मामले में विशेष रूप से प्रसिद्ध है, जहां 100 साल से अधिक उम्र के लोग असामान्य रूप से अधिक संख्या में पाए जाते हैं। विशेषज्ञ मानते हैं कि ग्रीस में लंबी उम्र किसी चमत्कार का परिणाम नहीं बल्कि सादा जीवन, संतुलित भोजन, कम तनाव और सामाजिक जुड़ाव का नतीजा है। ग्रीस के सेंटेनैरियन पूरी दुनिया को यह संदेश देते हैं कि स्वस्थ और संतुलित जीवनशैली अपनाकर लंबा और गुणवत्तापूर्ण जीवन जिया जा सकता है।

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